BREAKING NEWS : दुर्ग विश्वविद्यालय में ABVP का उग्र आंदोलन — छात्रों की समस्याओं को लेकर प्रशासन के खिलाफ हुंकार…
दो वर्षों से शोधवृत्ति बंद, नियुक्तियां अटकी, चिकित्सा सुविधाओं का अभाव

BREAKING : दुर्ग / महात्मा गांधी उद्यानिकी एवं वानिकी विश्वविद्यालय में छात्रों की लंबित समस्याओं और प्रशासनिक अनियमितताओं के खिलाफ आज अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने जोरदार आंदोलन किया। यह आंदोलन प्रदेश मंत्री यज्ञदत्त वर्मा के नेतृत्व में हुआ, जिसमें छात्रों की बड़ी संख्या में भागीदारी रही।ABVP ने स्पष्ट किया कि विश्वविद्यालय प्रशासन का लचर और उदासीन रवैया अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
आंदोलन की प्रमुख माँगें:
1️⃣ दो वर्षों से शोधवृत्ति का भुगतान नहीं
शोधार्थियों को बीते दो वर्षों से शोधवृत्ति नहीं मिली है, जिससे उनकी शैक्षणिक और अनुसंधान गतिविधियाँ पूरी तरह ठप पड़ी हैं।
2️⃣ कुलसचिव के विरुद्ध आदेश पर कोई कार्रवाई नहीं
राज्यपाल कार्यालय द्वारा 8 माह पूर्व जारी आदेश के बावजूद कुलसचिव के विरुद्ध गंभीर शिकायतों पर कोई कार्रवाई नहीं होना विश्वविद्यालय की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाता है।
3️⃣ तृतीय व चतुर्थ श्रेणी की नियुक्तियाँ लंबित
दो साल पहले आवेदन लेने के बावजूद परीक्षा आयोजित न होना युवाओं के भविष्य के साथ अन्याय है।
4️⃣ चिकित्सा सुविधा का पूर्ण अभाव
प्राथमिक उपचार जैसी मूलभूत स्वास्थ्य सुविधा का न होना प्रशासन की संवेदनहीनता को दर्शाता है।
5️⃣ अतिथि शिक्षकों को ICAR के अनुरूप वेतन
विश्वविद्यालय के अतिथि शिक्षकों को अन्य ICAR संस्थानों के समान वेतनमान देने की माँग की गई।
प्रदेश मंत्री यज्ञदत्त वर्मा ने चेतावनी दी:
“यदि विश्वविद्यालय प्रशासन छात्रों की मूल समस्याओं का समाधान नहीं करता, तो परिषद छात्र समुदाय के साथ मिलकर मंत्रीजी के निवास तक उग्र आंदोलन करेगी। अब यह विश्वविद्यालय के अस्तित्व की लड़ाई है।”
कुलपति का सकारात्मक रुख, लेकिन परिषद ने दी चेतावनी
कुलपति महोदय ने छात्रों की मांगों पर सकारात्मक आश्वासन दिया है, लेकिन ABVP ने साफ कर दिया कि:
“अब सिर्फ़ आश्वासन नहीं, ठोस और समयबद्ध कार्रवाई चाहिए।”


